राष्ट्रीय स्तर पर आर्गेनिक फार्मिंग और वर्मी कम्पोस्ट को बढ़ावा देने की जरूरत: सीएम बघेल

रायपुर (raipur)। मुख्यमंत्री (chief minister) भूपेश बघेल ने कहा है कि राष्ट्रीय स्तर (National level) पर जैविक खाद (Organic manure) और वर्मी कम्पोस्ट (vermi compost) के उत्पादन को बढ़ावा देने और जैविक खेती की दिशा में आगे बढ़ने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि इससे छत्तीसगढ़ के साथ देश के अन्य राज्यों में भी रासायनिक खाद की कमी की समस्या से निपटने में मदद मिलेगी, साथ ही स्वाईल हेल्थ अच्छी होगी।

न्यू सर्किट हाउस में केन्द्र सरकार की विभिन्न योजनाओं (planning) की प्रगति की समीक्षा (review), निगरानी, मूल्यांकन और केन्द्र एवं राज्य के मध्य बेहतर समन्वय के लिए आयोजित राज्य स्तरीय दिशा समिति (डेव्लपमेंट कोऑर्डिनेशन एंड मॉनिटरिंग कमेटी) की बैठक (meeting) को सम्बोधित कर रहे थे।

कच्चे माल की कमी से खाद की पर्याप्त आपूर्ति नहीं
उन्होंने कहा कि कोविड-19 के कारण रासायनिक खादों के लिए कच्चे माल की आपूर्ति में कठिनाई हो रही है इसलिए रासायनिक खाद की पर्याप्त आपूर्ति नहीं हो पा रही है। बैठक में पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री टीएस सिंहदेव, सांसद गुहाराम अजगले, श्रीमती ज्योत्सना महंत, राज्यसभा सांसद रामविचार नेताम, मुख्य सचिव अमिताभ जैन, अपर मुख्य सचिव रेणु जी पिल्ले और सुब्रत साहू व सम्बधित विभागों के सचिव और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

कोदो, कुटकी और रागी के उत्पादन को बढ़ावा
बैठक के आरंभ में खैरागढ़ के दिवंगत विधायक देवव्रत सिंह के सम्मान में दो मिनट का मौन रख कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। उसके बाद मुख्यमंत्री बघेल ने कहा कि छत्तीसगढ़ देश का एक मात्र राज्य है जिसने कोदो, कुटकी और रागी के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए इनका समर्थन मूल्य घोषित किया है। छत्तीसगढ़ में मिलेट मिशन के तहत मिलेट उत्पादन को बढ़ावा दिया जा रहा है।

कम्पोस्टउत्पादन को बढ़ावा देने की सराहना
बैठक में उपस्थित लोकसभा सांसद रामविचार नेताम नेमिलेट मिशन और जैविक खाद तथा वर्मी कम्पोस्ट के उत्पादन को बढ़ावा देने की सराहना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि विभिन्न योजनाओं को लेकर बैठक में सार्थक चर्चा हुई है। सदस्यों ने अनेक महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं, योजनाओं के क्रियान्वयन में इनका ध्यान रखा जाएगा। राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि मनरेगा को कृषि कार्यों से जोड़ा जाना चाहिए।

जिला अस्पतालों में निःशुल्क कीमोथेरेपी की सुविधा

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की समीक्षा में जानकारी दी गई कि छत्तीसगढ़ के 9 जिला अस्पतालों में कैंसर मरीजों के लिए निःशुल्क कीमोथेरेपी की सुविधा उपलब्ध करा दी गई है। इसी तरह 8 जिला अस्पतालों में 25 डायलिसिस मशीनें लगाई गई है, जिनके माध्यम से 4576 सेशन में 1370 मरीजों का निःशुल्क डायलिसिस किया गया।

92 प्रतिशत 273 बायोगैस संयंत्र छत्तीसगढ़ में स्थापित
स्वच्छ भारत मिशन की समीक्षा बताया गया कि ग्रामीण क्षेत्रों में पूरे देश में 296 बायो गैस संयंत्रों की स्थापना की गई, जिनमें से 92 प्रतिशत 273 बायोगैस संयंत्र छत्तीसगढ़ में स्थापित किए गए। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत खरीफ वर्ष 2020 और रबी वर्ष 2020-21 में 6 लाख 36 हजार 278 किसानों को 850 करोड़ रूपए का भुगतान किया गया।
(TNS)