दुष्‍कर्म के आरोप में पंचायत ने सरपंच को किया बहिष्‍कृत तो खुद थाने पहुंच गई महिला, बताया साजिश

SURAJPUR. जिले के ओड़गी ब्‍लॉक के एक गांव में दिलचस्‍प मामला सामने आया है। पंचायत ने जहां दुष्‍कर्म के आरोप में सरपंच को समाज से बहिष्‍कृत करने का फैसला सुना दिया है। वहीं जिस महिला से दुष्‍कर्म की शिकायत की गई है वह खुद थाने पहुंच गई और पुलिस के समक्ष इसे सरपंच व उसके खिलाफ साजिश बताया है। जबकि पंचायत में इसकी शिकायत महिला के ससुर ने ही की थी। ऐसे में पुलिस उलझन में फंस गई है।

महिला के ससुर ने जब सरपंच पर आरोप लगाया तो गांव में समाज के लोगों को जुटाया गया। ग्रामीणों के बीच महिला के ससुर ने बताया कि उसका बेटा मजदूरी करने के लिए गांव से बाहर रहता है। इसी का फायदा उठाकर सरपंच उसकी बहू के प्रति गलत नीयत रखता था। फिर एक दिन उसने सरपंच को उसकी बहू के साथ मक्के के खेत में दुष्कर्म करते हुए देखा। यह भी कहा कि सरपंच का चरित्र ठीक नहीं है। वह महिलाओं पर गलत नजर रखता है और कई बार ऐसा करते पकड़ा भी जा चुका है।

बैठक में सरपंच को भी बुलाया गया था पर वह उपस्थित नहीं हुआ। इस पर सरपंच पर दुष्‍कर्म और उसके चरित्रहीन होने का आरोप तय किया गया। साथ ही पंचायत ने सरपंच को 12 साल के लिए समाज से बहिष्‍कृत कर दिया।

महिला ने कहा- पति से अलग करने के लिए झूठा आरोप लगाया
इधर, सरपंच को समाज से बहिष्कार करने के बाद महिला ने थाने में पहुंच आवेदन दिया है। इसमें कहा है कि सरपंच ने उसके साथ गलत काम नहीं किया है। बल्कि उसके ससुर और गांव वाले ही उसे व सरपंच को बदनाम करना चाहते हैं। दरअसल, उसे उसके पति से अलग करना चाहते हैं। इसीलिए मनगढंत आरोप लगाया जा रहा है। वहीं अब पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। सरपंच पर लगे आरोप के बाद गांव में तनाव की स्थिति बनी हुई है। इस पूरे मामले में सरपंच का पक्ष लेने कई बार फोन लगाया गया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका।