कुसमुंडा गोलीकांडः शक की सुई ऐसे घूमी ..कि साजिश रचने वाला मास्टर माइंड पुलिस के हत्थे चढ़ गया

बता दें कि कोरबा जिले के कुसमुंडा गोलीकांड का खुलासा पुलिस ने पहले ही कर दिया था, लेकिन मास्टर मांइड पुलिस के गिरफ्त से बाहर था। लगातार छानबीन में मामला फर्जीवाड़े का लगा। मुख्य आरोपी फरार था। अब पुलिस ने वारदात के मास्टर माइंड को भी धर दबोचा है। आरोपी बिलासपुर निवासी साजिद खान को गोवा से गिरफ्तार किया गया है।

 

कोरबा। पहले झूठे संगीन मामले में फंसाकर जेल भिजवाने की साजिश रची। उसके बाद केस में समझौता कर पीड़ित का बयान बदलवाने के लिए 20 लाख की वसूली की तैयारी थी। पुलिस की जांच में सुई किसी फर्जी मामले की ओर घुमी और फिर आरोपी पकड़ा गया। मामला तीन लोगों में लेन-देन के विवाद का मामला निकला। इसलिए यह साजिश रची गई थी।

बता दें कि कोरबा जिले के कुसमुंडा गोलीकांड का खुलासा पुलिस ने पहले ही कर दिया था, लेकिन मास्टर मांइड पुलिस के गिरफ्त से बाहर था। लगातार छानबीन में मामला फर्जीवाड़े का लगा। मुख्य आरोपी फरार था। अब पुलिस ने वारदात के मास्टर माइंड को भी धर दबोचा है। आरोपी बिलासपुर निवासी साजिद खान को गोवा से गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मुख्य आरोपी साजिद खान को सबके सामने पेश किया।

ऐसे दिया था फर्जी वारदात को अंजाम
मामले में कोरबा पुलिस ने बताया कि फर्जीवाड़े में साजिद और गोपू पांडेय ने मिलकर साजिश रचकर अपने ही प्यादे सुमीत चौधरी पर गोली चलवाई थी। 28 नवंबर की रात बिलासपुर चकरभाठा निवासी सुमीत चौधरी अस्पताल में भर्ती हुआ था। पुलिस ने बताया कि सुमित ने कुसमुंडा रेलवे साइडिंग के पास अशरफ खान, राजा खान और अभिषेक आनंद द्वारा गोली मारने की सूचना दी थी।

जांच में मामला संदिग्ध लगा
मामले में पुलिस ने उसी दिन सुमित चौधरी की रिपोर्ट पर हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट की एफआईआर दर्ज किया था। पुलिस को जांच में मामला संदिग्ध लगा। बारीकी से जांच की तो मामला फर्जी निकला। बुधवार को पुलिस ने इस पूरे मामले का खुलासा किया था।

डीजल माफिया ने गोलीकांड को अंजाम दिया था
एडिशनल एसपी अभिषेक वर्मा ने बताया कि डीजल माफिया साजिद खान और उसके साथी गोपू पांडेय ने गोलीकांड को अंजाम दिया था। इसमें अशरफ खान, राजा खान और अभिषेक आनंद को झूठे संगीन मामले में फंसाकर जेल भिजवाने की साजिश रची थी। बाद में केस में समझौता कर पीड़ित का बयान बदलवाने 20 लाख वसूली की तैयारी थी। तीनोंं से साजिद का लेन-देन का विवाद है, इसलिए यह साजिश रची थी।

(TNS)