घने जंगल में मुठभेड़ः तीन माओवादी ढेर, शव के साथ मिले AK-47, SLR जैसे बड़े हथियार

सर्चिंग पर गए फोर्स ने जंगल में नक्सलियों को चारों तरफ से घेर लिया था। जैसे ही जंगल में खुद को घिरे होने की सूचना मिली वैसे ही नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी। इस दौरान पुलिस और नक्सलियों के बीच लगभग 2 घंटे फायरिंग हुई।

सुकमा(Sukma)। बीजापुर(bijapur) क्षेत्र के सीमावर्ती क्षेत्र में छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) और तेलंगाना (Telangana) में सुरक्षबल (security force) के जवानों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई है। इस दौरान जवानों को 3 हार्डकोर नक्सलियों (hardcore naxalites) को ढेर करने में बड़ी सफलता मिली है। मुठभेड़ के बाद घटनास्थल पर छानबीन करने पर जवानों को AK-47 व एसएलआर हथियार मिलने की सूचना है।

बीजापुर के तारलागुड़ा के बीच थे नक्सली
मिली जानकारी अनुसार तेलंगाना के मुलगु जिला व बीजापुर के तारलागुड़ा के बीच नक्सलियों के मौजूदगी की सूचना मिली थी। इस पर तेलंगाना पुलिस और तेलंगाना ग्रे ग्रेहाउंड्स की संयुक्त टीम जंगल में कार्यवाही के लिए रवाना की गई थी। उसके बाद आज सुबह जवानों और नक्सलियों की मुठभेड़ हो गई। इस मुठभेड़ में नक्सलियों के बड़े लीडरों के मारे जाने की ख़बर है। फ़िलहाल मारे गए नक्सलियों व हथियार बरामद करने की आधिकारिक पुष्टि बाकी है।

जवानों को भारी पड़ता देख भाग निकले नक्सली
जानकारी अनुसार सर्चिंग पर गए फोर्स ने जंगल में नक्सलियों को चारों तरफ से घेर लिया था। जैसे ही जंगल में खुद को घिरे होने की सूचना मिली वैसे ही नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी। इस दौरान पुलिस और नक्सलियों के बीच लगभग 2 घंटे फायरिंग हुई। जवानों को भारी पड़ता देख नक्सली घने जंगल का सहारा लेकर भाग निकले। मुलगू जिले का जंगल छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले की सीमा से लगा हुआ है।

नक्सलियों की पहचान नहीं हो पाई है
फिलहाल इस मुठभेड़ के बाद छत्तीसगढ़ की सीमावर्ती जिलों में तैनात पुलिस को भी अलर्ट कर दिया गया है। उधर मारे गए नक्सलियों की अभी पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि जवान जब वापस लौटेंगे तब घटना के संबंध में अधिक जानकारी सामने आएगी।
(TNS)